Subscribe for Newsletters and Discounts
Be the first to receive our thoughtfully written
religious articles and product discounts.
Your interests (Optional)
This will help us make recommendations and send discounts and sale information at times.
By registering, you may receive account related information, our email newsletters and product updates, no more than twice a month. Please read our Privacy Policy for details.
.
By subscribing, you will receive our email newsletters and product updates, no more than twice a month. All emails will be sent by Exotic India using the email address info@exoticindia.com.

Please read our Privacy Policy for details.
|6
Sign In  |  Sign up
Your Cart (0)
Best Deals
Share our website with your friends.
Email this page to a friend
Books > Hindi > हिंदू धर्म > व्रत त्योहार > हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार: Hinduon Ke Vrat Parv aur Tyohar
Subscribe to our newsletter and discounts
हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार: Hinduon Ke Vrat Parv aur Tyohar
हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार: Hinduon Ke Vrat Parv aur Tyohar
Description

हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार

व्रत, पर्व और त्योहार यद्यपि ये तीनों उत्सव के भिन्न-भिन्न रूप हैं तथापि किसी-न-किसी रूप में इनमें परस्पर विचित्र समानता पायी जाती हैव्रतका विधान बहुधा आध्यात्मिक अथवा मानसिक शक्ति की प्राप्ति के लिए, चित्त अथवा आत्मा की शुद्धिके लिए, संकल्प-शक्ति की दृढ़ता के लिए, ईश्वर की भक्ति और श्रद्धा के विकास के लिए, वातावरण की पवित्रता के लिए, दूसरों पर अपने प्रभाव जमाने के लिए, अपने विचारों को उच्च एवं परिष्कृत करने के लिए तथा प्रकारान्तर से स्वास्थ्य की प्रगति के लिए किया जाता हैयद्यपि भारतीय विचारधारा में व्रत का सामान्य अर्थ व्रत अथवा उपवास ही है, तथापि कुछ ऐसे व्रत हें जिनमें उपवास का स्थान गौण हे और चित्त-शुद्धि अथवा आत्म-परिष्कृत का स्थान मुख्य है

 

पर्व किसी मुख्य तिथि अथवा ज्योतिष के अनुसार ग्रहों आदि के संयोग का ही दूसरा नाम है, जो किसी निर्दिष्ट समय पर आता हैपर्व का बीच-बीच में निर्दिष्ट अवधि पर आते रहते हैं जैसे कुम्भ पर्व आदिआकाश के नक्षत्रों और ग्रहों की स्थिति के अनुसार इन पर्वों का धरती के जीवन पर भी गहरा प्रभाव पड़ता है |

 

त्योहार एक सामान्य शब्द हैआजकल इसका प्रयोग व्रत और पर्व के लिए भी होने लगा है, किन्तु इसका तात्पर्य वस्तुत: लौकिक उत्सवों एवं समारोहों की तिथि से ही अधिक समीप है जैसे दशहरा, होली आदि

 

विषय सूची

 

व्रत आदि क्यों और कैसे मनाए जाएँ?

1

नववर्ष की प्रतिपदा

2

नवरात्र तथा दुर्गा-पूजा

3

अरून्धती व्रत

4

गणगौरी या गनगौर व्रत

5

मनोरथ तृतीया व्रत

6

श्री रामनवमी व्रत

7

अनंग त्रयोदशी व्रत

8

चैत्री-पूर्णिमा

9

अथवा पजूनो-पूनो

10

अक्षय-तृतीया व्रत

11

 परशुराम जयन्ती

12

 नृसिंह चतुर्दशी

13

 वट सावित्री व्रत

14

 गंगा दशहरा

15

 रथयात्रा महोत्सव

16

 चातुर्मास का व्रत

17

 गुरु पूर्णिमा ...

18

 व्यास पूर्णिमा ...

19

 नागपंचमी

20

 शीतला सप्तमी

21

 मंगलागौरी व्रत.

22

 श्रावणी और रक्षाबन्धन

23

 कजली

24

 बहुला चतुर्थी

25

 हलषष्ठी या ललही छठ

26

 जन्माष्टमी व्रत

27

 कुशोत्पाटिनी अमावस्या

28

 हरितालिका व्रत या तीज

29

 गणेश चतुर्थी

30

 ऋषिपंचमी व्रत

31

 सन्तान सप्तमी या

32

 मुक्ताभरण व्रत.

33

 राधाष्टमी व्रत

34

 महालक्ष्मी व्रत

35

 दशावतार व्रत

36

 वामन द्वादशी व्रत

37

 गो-त्रिरात्रि व्रत

38

 अनन्त चतुर्दशी व्रत

39

 रंभा व्रत

40

 उमा-महेश्वर व्रत

41

 पितृपक्ष

42

 पितृपक्ष में श्राद्ध की महिमा

43

 जीवित्पुत्रिका या

44

 जिउतिया व्रत

45

 मातृनवमी

46

 महालय अथवा

47

 पितृविसर्जनी अमावस्या

48

 शारदीय नवरात्र

49

 और उसकी महिमा

50

 उपांग-ललिता व्रत

51

 विजयादशमी

52

 कौजागर व्रत

53

 शरत्पूर्णिमा

54

 करवा चौथ अथवा

55

 करक चतुर्थी

56

 अहोई अष्टमी

57

 अथवा अशोकाष्टमी

58

 गोवत्स द्वादशी

59

 अथवा बछंवाछ व्रत

60

 धनतेरस

61

 नरक चतुर्दशी तथा

62

 हनुमान-जयन्ती

63

 दीपावली अथवा दीवाली

64

 अन्नूकूट

65

 यमदि्तीया अथवा भैयादूज

66

 सूर्यषष्ठी व्रत

67

 गोपाष्टमी

68

 अक्षयनवासी

69

 भीष्म पंचक

70

 प्रबोधिनी अथवा

71

 देवोत्थापिनी एकादशी

72

 बैकुण्ठ चतुर्दशी ...

73

 कार्तिकी पूर्णिमा.

74

 कालभैरव अष्टमी.

75

 दत्तात्रेय जयन्ती

76

 द्वात्रिंशी पूर्णिमा

77

 सुरूपा द्वादशी

78

 ईशान व्रत.

79

 संकष्टहर चतुर्थी

80

 अथवा संकठा चौथ

81

 मकर संक्रान्ति

82

 मौनी अमावस्या

83

 अमावस्या तथा

84

 पूर्णिमा का माहात्मय

85

 वसन्त पंचमी.

86

 शीतला षष्ठी.

87

 अचलासप्तमी अथवा

88

 भानुसप्तमी

89

 भीष्माष्टमी व्रत

90

 माघी पूर्णिमा का पर्व

91

 महाशिवरात्रि व्रत

92

 होलिकोत्सव

93

 वारुणी पर्व

94

 छब्बीस एकादशियों के व्रत

95

 प्रदीप व्रत.

96

 सातों वारों के व्रत.

97

 सत्यनारायण कथा का व्रत

98

 पुरुषोत्तम मास

99

 सोमवती अमावस्या

100

कुम्भ पर्व

101

चान्द्रायण व्रत

102

वैशाख स्नान का व्रत

103

कार्त्तिक स्नान का व्रत

104

माघ स्थान का व्रत

105

संक्रान्तियों के व्रत

 

Sample Pages

















हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार: Hinduon Ke Vrat Parv aur Tyohar

Item Code:
NZA229
Cover:
Paperback
Edition:
2012
Publisher:
ISBN:
9788180317255
Language:
Hindi
Size:
9.0 inch x 5.5 inch
Pages:
266
Other Details:
Weight of the Book: 238 gms
Price:
$10.00   Shipping Free
Be the first to rate this product
Add to Wishlist
Send as e-card
Send as free online greeting card
हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार: Hinduon Ke Vrat Parv aur Tyohar
From:
Edit     
You will be informed as and when your card is viewed. Please note that your card will be active in the system for 30 days.

Viewed 17989 times since 1st Sep, 2019

हिन्दुओं के व्रत, पर्व और त्यौहार

व्रत, पर्व और त्योहार यद्यपि ये तीनों उत्सव के भिन्न-भिन्न रूप हैं तथापि किसी-न-किसी रूप में इनमें परस्पर विचित्र समानता पायी जाती हैव्रतका विधान बहुधा आध्यात्मिक अथवा मानसिक शक्ति की प्राप्ति के लिए, चित्त अथवा आत्मा की शुद्धिके लिए, संकल्प-शक्ति की दृढ़ता के लिए, ईश्वर की भक्ति और श्रद्धा के विकास के लिए, वातावरण की पवित्रता के लिए, दूसरों पर अपने प्रभाव जमाने के लिए, अपने विचारों को उच्च एवं परिष्कृत करने के लिए तथा प्रकारान्तर से स्वास्थ्य की प्रगति के लिए किया जाता हैयद्यपि भारतीय विचारधारा में व्रत का सामान्य अर्थ व्रत अथवा उपवास ही है, तथापि कुछ ऐसे व्रत हें जिनमें उपवास का स्थान गौण हे और चित्त-शुद्धि अथवा आत्म-परिष्कृत का स्थान मुख्य है

 

पर्व किसी मुख्य तिथि अथवा ज्योतिष के अनुसार ग्रहों आदि के संयोग का ही दूसरा नाम है, जो किसी निर्दिष्ट समय पर आता हैपर्व का बीच-बीच में निर्दिष्ट अवधि पर आते रहते हैं जैसे कुम्भ पर्व आदिआकाश के नक्षत्रों और ग्रहों की स्थिति के अनुसार इन पर्वों का धरती के जीवन पर भी गहरा प्रभाव पड़ता है |

 

त्योहार एक सामान्य शब्द हैआजकल इसका प्रयोग व्रत और पर्व के लिए भी होने लगा है, किन्तु इसका तात्पर्य वस्तुत: लौकिक उत्सवों एवं समारोहों की तिथि से ही अधिक समीप है जैसे दशहरा, होली आदि

 

विषय सूची

 

व्रत आदि क्यों और कैसे मनाए जाएँ?

1

नववर्ष की प्रतिपदा

2

नवरात्र तथा दुर्गा-पूजा

3

अरून्धती व्रत

4

गणगौरी या गनगौर व्रत

5

मनोरथ तृतीया व्रत

6

श्री रामनवमी व्रत

7

अनंग त्रयोदशी व्रत

8

चैत्री-पूर्णिमा

9

अथवा पजूनो-पूनो

10

अक्षय-तृतीया व्रत

11

 परशुराम जयन्ती

12

 नृसिंह चतुर्दशी

13

 वट सावित्री व्रत

14

 गंगा दशहरा

15

 रथयात्रा महोत्सव

16

 चातुर्मास का व्रत

17

 गुरु पूर्णिमा ...

18

 व्यास पूर्णिमा ...

19

 नागपंचमी

20

 शीतला सप्तमी

21

 मंगलागौरी व्रत.

22

 श्रावणी और रक्षाबन्धन

23

 कजली

24

 बहुला चतुर्थी

25

 हलषष्ठी या ललही छठ

26

 जन्माष्टमी व्रत

27

 कुशोत्पाटिनी अमावस्या

28

 हरितालिका व्रत या तीज

29

 गणेश चतुर्थी

30

 ऋषिपंचमी व्रत

31

 सन्तान सप्तमी या

32

 मुक्ताभरण व्रत.

33

 राधाष्टमी व्रत

34

 महालक्ष्मी व्रत

35

 दशावतार व्रत

36

 वामन द्वादशी व्रत

37

 गो-त्रिरात्रि व्रत

38

 अनन्त चतुर्दशी व्रत

39

 रंभा व्रत

40

 उमा-महेश्वर व्रत

41

 पितृपक्ष

42

 पितृपक्ष में श्राद्ध की महिमा

43

 जीवित्पुत्रिका या

44

 जिउतिया व्रत

45

 मातृनवमी

46

 महालय अथवा

47

 पितृविसर्जनी अमावस्या

48

 शारदीय नवरात्र

49

 और उसकी महिमा

50

 उपांग-ललिता व्रत

51

 विजयादशमी

52

 कौजागर व्रत

53

 शरत्पूर्णिमा

54

 करवा चौथ अथवा

55

 करक चतुर्थी

56

 अहोई अष्टमी

57

 अथवा अशोकाष्टमी

58

 गोवत्स द्वादशी

59

 अथवा बछंवाछ व्रत

60

 धनतेरस

61

 नरक चतुर्दशी तथा

62

 हनुमान-जयन्ती

63

 दीपावली अथवा दीवाली

64

 अन्नूकूट

65

 यमदि्तीया अथवा भैयादूज

66

 सूर्यषष्ठी व्रत

67

 गोपाष्टमी

68

 अक्षयनवासी

69

 भीष्म पंचक

70

 प्रबोधिनी अथवा

71

 देवोत्थापिनी एकादशी

72

 बैकुण्ठ चतुर्दशी ...

73

 कार्तिकी पूर्णिमा.

74

 कालभैरव अष्टमी.

75

 दत्तात्रेय जयन्ती

76

 द्वात्रिंशी पूर्णिमा

77

 सुरूपा द्वादशी

78

 ईशान व्रत.

79

 संकष्टहर चतुर्थी

80

 अथवा संकठा चौथ

81

 मकर संक्रान्ति

82

 मौनी अमावस्या

83

 अमावस्या तथा

84

 पूर्णिमा का माहात्मय

85

 वसन्त पंचमी.

86

 शीतला षष्ठी.

87

 अचलासप्तमी अथवा

88

 भानुसप्तमी

89

 भीष्माष्टमी व्रत

90

 माघी पूर्णिमा का पर्व

91

 महाशिवरात्रि व्रत

92

 होलिकोत्सव

93

 वारुणी पर्व

94

 छब्बीस एकादशियों के व्रत

95

 प्रदीप व्रत.

96

 सातों वारों के व्रत.

97

 सत्यनारायण कथा का व्रत

98

 पुरुषोत्तम मास

99

 सोमवती अमावस्या

100

कुम्भ पर्व

101

चान्द्रायण व्रत

102

वैशाख स्नान का व्रत

103

कार्त्तिक स्नान का व्रत

104

माघ स्थान का व्रत

105

संक्रान्तियों के व्रत

 

Sample Pages

















Post a Comment
 
Post a Query
For privacy concerns, please view our Privacy Policy
Based on your browsing history
Loading... Please wait

Items Related to हिन्दुओं के व्रत, पर्व और... (Hindi | Books)

Hindu Festivals (Origin, Sentiments and Rituals)
Item Code: NAF488
$31.00
Add to Cart
Buy Now
Hindu Festivals and Sacred Days
by Swami Harshananda
Paperback (Edition: 2002)
Ramakrishna Math
Item Code: IDD083
$9.00
Add to Cart
Buy Now
South Indian Hindu Festivals and Traditions
by Maithily Jagannathan
Hardcover (Edition: 2005)
Abhinav Publication
Item Code: IDH094
$31.00
Add to Cart
Buy Now
HINDU FASTS AND FESTIVALS
by Swami Sivananda
Paperback (Edition: 2016)
The Divine Life Society
Item Code: IDG079
$11.00
Add to Cart
Buy Now
Hindu Fasts, Festivals and Ceremonies
Item Code: IDK939
$21.00
Add to Cart
Buy Now
Fairs and Festivals Of India
by S. P. Sharma and Seema Gupta
Hardcover (Edition: 2006)
Pustak Mahal
Item Code: IDI991
$29.00
Add to Cart
Buy Now
South Indian Festivities
Item Code: IHL638
$21.00
Add to Cart
Buy Now
Festivals: At The Jaipur Court
Deal 20% Off
by Vibhuti Sachdev
Hardcover (Edition: 2014)
Niyogi Books
Item Code: NAK094
$67.00$53.60
You save: $13.40 (20%)
Add to Cart
Buy Now
Festivals, Fairs and Fasts of India
Deal 20% Off
by Shakti M. Gupta
Hardcover (Edition: 1991)
Clarion Books
Item Code: IDF199
$77.00$61.60
You save: $15.40 (20%)
Add to Cart
Buy Now
Festivals of India
Paperback (Edition: 2018)
National Book Trust
Item Code: IDK447
$14.00
Add to Cart
Buy Now
The Vraja Festival Calendar
by Krishnaakinkari
Hardcover (Edition: 2011)
Shri Harinam Press
Item Code: NAO249
$23.00
Add to Cart
Buy Now
Testimonials
I very much appreciate your web site and the products you have available. I especially like the ancient cookbooks you have and am always looking for others here to share with my friends.
Sam, USA
Very good service thank you. Keep up the good work !
Charles, Switzerland
Namaste! Thank you for your kind assistance! I would like to inform that your package arrived today and all is very well. I appreciate all your support and definitively will continue ordering form your company again in the near future!
Lizette, Puerto Rico
I just wanted to thank you again, mere dost, for shipping the Nataraj. We now have it in our home, thanks to you and Exotic India. We are most grateful. Bahut dhanyavad!
Drea and Kalinidi, Ireland
I am extremely very happy to see an Indian website providing arts, crafts and books from all over India and dispatching to all over the world ! Great work, keep it going. Looking forward to more and more purchase from you. Thank you for your service.
Vrunda
We have always enjoyed your products.
Elizabeth, USA
Thank you for the prompt delivery of the bowl, which I am very satisfied with.
Frans, the Netherlands
I have received my books and they are in perfect condition. You provide excellent service to your customers, DHL too, and I thank you for that. I recommended you to my friend who is the director of the Aurobindo bookstore.
Mr. Forget from Montreal
Thank you so much. Your service is amazing. 
Kiran, USA
I received the two books today from my order. The package was intact, and the books arrived in excellent condition. Thank you very much and hope you have a great day. Stay safe, stay healthy,
Smitha, USA
Language:
Currency:
All rights reserved. Copyright 2020 © Exotic India