Please Wait...

ब्रज की पाठ पूजा (नित्य पाठ गुटका): Worship in Vraja

ब्रज की पाठ पूजा (नित्य पाठ गुटका): Worship in Vraja
$11.00
Item Code: NZA401
Author: श्री श्यामदास (Shri Shyamdas)
Publisher: Shri Harinam Sankirtan Mandal
Language: Sanskrit Text with Hindi Translation
Edition: 2009
ISBN:
Pages: 196
Cover: Paperback
Other Details: 8.5 inch X 5.5 inch

 

'ब्रजवासी वल्लभ सदाँ मेरे जीवन प्राण'

भगवान् श्रीकृष्ण को ब्रजभाषा एवं ब्रजवासी सर्वाधिक प्रिय हैं। यही कारण है कि उन्होंने ब्रज को अपनी लीलाभूमि बनाया

ब्रजवासियों की अपनी एक विशेषता है, वह है 'स्वसुख का आत्यंतिक अभाव'। ब्रजवासियों की सब चेष्टाएँ, सब क्रियाएँ, सब भजन, यहाँ तक कि ब्रजगोपियाँ द्वारा स्वयं का श्रृंगार करना आदि आदि सभी श्रीकृष्ण के सुख के लिये है। अपने लिये, अपने सुख के लिये ब्रजवासी कभी कुछ नहीं करते।

ऐसे ब्रजवासियों की भजन पद्धति, सदाचार पद्धति, नित्य पाठ के श्लोक, अष्टक आदि का समावेश है- इस उपादेय ग्रन्थरत्न में। ब्रज की वास्तविक भजन-पद्धति जानने हेतु अवश्य पढ़िये यह ग्रन्थ 'ब्रज की पाठ पूजा'

 

 

 

 

 

 

Sample Page

 

 

Add a review

Your email address will not be published *

For privacy concerns, please view our Privacy Policy

Post a Query

For privacy concerns, please view our Privacy Policy

Related Items